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Vipradaas

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Short Description

Author: Sarat Chandra Chattopadhyay

Genre: World Classic Novel

Description

Details

समाज के तथाकथित उच्च, विशेषतया ब्राह्मण वर्ग में पारिवारिक एवं सामाजिक संबंधों का कितना और किस प्रकार शोषण किया जाता रहा है, इस का प्रत्यक्ष उदाहरण है शरतचंद्र चट्टोपाध्याय का बहुचर्चित उपन्यास ‘विप्रदास’।
ऊंचनीच, छुआछूत, संध्यापूजा आदि पाखंडों के चलते समाज में सरल हृदया नारियों की कोमल भावनाओं से कैसे खिलवाड़ किया जाता है-यह भी विप्रदास का प्रमुख वर्ण्य विषय है। परंपरागत बंधनों से मुक्त होने की छटपटाहट को रेखांकित करना शरतचंद्र की प्रमुख विशेषता है, जो विप्रदास में भी सहज ही देखी जा सकती है।

 

 

Book Details

Publisher:   Vishv Books Private Ltd
ISBN-10:   8179871401
Edition:   III
Pages:   158
Publication Year:   2015
Language:   Hindi
ISBN-13:   9788179871409
Binding:   Paper Back

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